उज्जैन। छत्तीसगढ़ के मंत्री गुरु खुशवंत साहेब ने उज्जैन स्थित श्री महाकालेश्वर मंदिर के दर्शन किए। उन्होंने भगवान महाकाल की पूजा अर्चना कर प्रदेश और देश में सुख शांति, भाईचारा और एकता की कामना की। इस दौरान उन्होंने नक्सलवाद को लेकर बड़ा बयान दिया। मंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ से नक्सलवाद का अंत हो गया, लाल आतंक खत्म हो गया है।
भोपाल युवा विधायक सम्मेलन-एमपी सरकार का जताया आभार
दरअसल, छत्तीसगढ़ के कैबिनेट मंत्री गुरु खुशवंत साहेब भोपाल में आयोजित दो दिवसीय युवा विधायक सम्मेलन में शामिल होने पहुंचे हैं। सम्मेलन में उन्हें जनप्रतिनिधियों के दायित्व, जनता से जुड़ाव और विकास कार्यों को लेकर कई महत्वपूर्ण जानकारियां और मार्गदर्शन मिला। उन्होंने मध्य प्रदेश सरकार को आभार जताया और कहा कि विभिन्न राज्यों के युवा विधायकों से मिलने का अवसर मिला, जिससे नई ऊर्जा और सकारात्मक सोच विकसित हुई है।
लाल आतंक का दौर खत्म
भोपाल युवा विधायक सम्मेलन में शामिल होने के बाद वे उज्जैन पहुंचे। जहां मंत्री गुरु खुशवंत साहेब ने श्री महाकालेश्वर मंदिर के दर्शन किए। उन्होंने बाबा महाकाल का पूजन-अर्चन कर प्रदेश और देश में सुख-शांति, भाईचारा और एकता की कामना की। इस दौरान उन्होंने कहा कि आज यानि 31 मार्च 2026 तक देश से नक्सलवाद पूरी तरह समाप्त हो चुका है और अब “लाल आतंक” का दौर खत्म हो गया है। मंत्री के अनुसार, केंद्र सरकार के नेतृत्व में चलाए गए सख्त अभियान और सुरक्षा बलों की रणनीतिक कार्रवाई के चलते यह संभव हो पाया है।
विकास पर सरकार का पूरा फोकस
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृहमंत्री अमित शाह के मार्गदर्शन में नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में लगातार ऑपरेशन चलाए गए, जिससे नक्सल नेटवर्क कमजोर हुआ और अब समाप्ति की स्थिति में पहुंच गया है। मंत्री ने बताया कि पहले जिन इलाकों में नक्सल प्रभाव था, वहां अब शांति का माहौल बन रहा है और आम जनजीवन पटरी पर लौट रहा है। उन्होंने कहा कि नक्सलवाद खत्म होने के बाद अब सरकार का पूरा फोकस विकास पर है।
मंत्री ने जताया ये विश्वास
मंत्री गुरु खुशवंत ने बताया कि छतीसगढ़ में बस्तर जैसे क्षेत्रों में शिक्षा, स्वास्थ्य और बुनियादी सुविधाओं को तेजी से बढ़ाया जा रहा है। स्कूल, अस्पताल और अन्य विकास कार्यों के जरिए स्थानीय लोगों को बेहतर भविष्य देने की दिशा में काम किया जा रहा है। उन्होंने विश्वास जताया कि आने वाले समय में छत्तीसगढ़ विकास की नई ऊंचाइयों को छुएगा और नक्सल प्रभावित रहे क्षेत्रों में स्थायी शांति और समृद्धि स्थापित होगी।











