सिरसा : सर्व समाज के तत्वाधान में बुधवार को ग्राम सिरसा खुर्द में विशाल हिन्दू सम्मेलन का सफल आयोजन किया गया। इस अवसर पर सामूहिक हनुमान चालीसा पाठ का आयोजन किया गया, जिसमें चिखली, खपरी, कूटेलाभाटा, जेवरा, सिरसा, भटगांव, समोदा एवं कचन्दूर सहित आसपास के ग्रामों से बड़ी संख्या में मातृशक्ति, युवा एवं समाजजन उपस्थित रहे।
कार्यक्रम की शुरुआत अतिथियों द्वारा भारत माता के तैल चित्र पर माल्यार्पण के साथ की गई। सरस्वती शिशु मंदिर सिरसा खुर्द के विद्यार्थियों द्वारा स्वागत गीत प्रस्तुत कर अतिथियों का अभिनंदन किया गया। कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में डॉ. सुनील पटेल उपस्थित रहे, वहीं विशेष अतिथि पंडित ज्योतिष कृष्णमूर्ति शर्मा रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता बिना भारती द्वारा की गई।
मुख्य वक्ता डॉ. सुनील पटेल ने अपने उद्बोधन में कहा कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की स्थापना विषम परिस्थितियों में हिन्दू समाज को संगठित करने के उद्देश्य से की गई थी। उन्होंने वर्तमान समय में परिवार और समाज में वैचारिक परिवर्तन पर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता बताते हुए कहा कि आज शिक्षित होने के बावजूद कई बच्चे अपने पारिवारिक और राष्ट्रीय दायित्वों को नहीं समझ पा रहे हैं, जो एक गंभीर समस्या बनती जा रही है। उन्होंने धर्म परिवर्तन जैसे विषयों को गंभीरता से लेते हुए परिवार के भीतर संवाद और जागरूकता पर बल दिया।
विशेष अतिथि पंडित कृष्णमूर्ति शर्मा ने कहा कि हिन्दुत्व के प्रति जागरूकता केवल स्वयंसेवकों तक सीमित नहीं रहनी चाहिए, बल्कि पूरे समाज को आगे आना होगा। उन्होंने कहा कि परिवार में बचपन से ही संस्कार डालना अत्यंत आवश्यक है तथा प्रत्येक व्यक्ति को अपनी दिनचर्या में अध्यात्म और सेवा भाव को अपनाना चाहिए।
कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रही बिना भारती ने कहा कि समाज में पारिवारिक सद्भाव, प्रेम, बड़े-बुजुर्गों के सम्मान और सामाजिक प्रतिष्ठा बनाए रखना अत्यंत आवश्यक है। साथ ही उन्होंने समाज को विधर्मी होने से बचाने पर भी जोर दिया।
सम्मेलन में वक्ताओं के विचारों से उपस्थित जनसमूह को सामाजिक एकता, सांस्कृतिक चेतना और धार्मिक मूल्यों को मजबूत करने का संदेश मिला। कार्यक्रम का समापन सामूहिक संकल्प और राष्ट्र-हित की भावना के साथ किया गया।











