नई दिल्ली। राजधानी के विज्ञान भवन में मंगलवार को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने भारतीय सिनेमा में उत्कृष्ट योगदान देने वाले कलाकारों को 2023 का राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार देकर सम्मानित किया। अभिनेता शाहरुख खान को जवान और विक्रांत मैसी को 12वीं फेल के लिए सर्वश्रेष्ठ अभिनेता तथा रानी मुखर्जी को मिसेज चटर्जी वर्सेज नॉर्वे के लिए सर्वश्रेष्ठ अभिनेत्री का पुरस्कार दिया गया।
तीनों का ही यह पहला राष्ट्रीय पुरस्कार है। समारोह का विशेष आकर्षण मलयालम अभिनेता मोहनलाल रहे, जिन्हें भारतीय सिनेमा का सबसे बड़ा पुरस्कार दादा साहेब फाल्के से नवाजा गया। शेषञ्चपेज०६
इस दौरान पूरा हॉल तालियों से गूंज उठा। मोहनलाल को पुरस्कार मिलने पर सभी ने खड़े होकर उनका स्वागत किया। पुरस्कार समारोह के दौरान राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने फिल्म मेकर्स की सराहना करते हुए कहा, सिनेमा सिर्फ उद्योग नहीं, बल्कि समाज और राष्ट्र को जागृत करने और नागरिकों को अधिक संवदेनशील बनाने का माध्यम है। अन्य श्रेणियों में भी पुरस्कार दिए गए।
मोहनलाल: चार दशक में 400 से ज्यादा फिल्में की। 5 बार राष्ट्रीय पुरस्कार मिल चुके हैं।
शाहरुख खान: चार दशक के कॅरियर में 100 से ज्यादा फिल्में की हैं। 14 फिल्मफेयर अवॉर्ड जीते।
रानी मुखर्जी: 29 साल का फिल्म कॅरियर। कुछ कुछ होता है, हिचकी, ब्लैक जैसी यादगार फिल्में दीं।
सपना सच होने से भी बड़ा: मोहनलाल
मोहनलाल ने कहा, मैंने कभी इस पल का सपना देखने की हिम्मत भी नहीं की थी। अपने सबसे बड़े सपनों में भी नहीं। इसलिए यह सिर्फ कोई सपना सच होने जैसा नहीं है, यह उससे कहीं बड़ा, जादुई, और पवित्र है। सिनेमा मेरी आत्मा की धड़कन है।









