Ramlila Maidan Rally: दिल्ली के रामलीला मैदान में विपक्षी दलों की महारैली आयोजित हुई। इसमें कांग्रेस और समाजवादी पार्टी समेत 23 विपक्षी दलों के नेता और कार्यकर्ता शामिल हुए। उत्तर प्रदेश में आगामी चुनाव की तैयारियों में जुटे समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव और पार्टी के सांसद भी रैली में पहुंचे। इंडिया गठबंधन के मंच से अखिलेश यादव ने चुनाव आयोग के साथ केंद्र और उत्तर प्रदेश की भाजपा सरकार पर निशाना साधा।
लोकतंत्र की रक्षा के लिए विपक्ष एकजुट: अखिलेश
अखिलेश यादव ने कहा कि रामलीला मैदान से उठ रही आवाज विपक्षी गठबंधन के सभी साथियों की साझा आवाज है। सभी दल एकजुट होकर लोकतंत्र को बचाने के लिए अपनी बात रख रहे है।उन्होंने उत्तर प्रदेश में वोट कटने के मुद्दे का जिक्र करते हुए कहा कि जिस समय दिल्ली में यह सभा आयोजित हो रही थी, उसी दौरान यूपी में भाजपा की ओर से दावा किया गया कि एक करोड़ हिंदू मतदाताओं के नाम वोटर लिस्ट से काट दिए गए।
हर विधानसभा में 31 हजार वोट कम होने का दावा
सपा प्रमुख ने आगे कहा कि अब भाजपा नेताओं को भी यह महसूस हो रहा है कि उनके अपने वोट भी कट गए है। उनके मुताबिक, प्रदेश की हर विधानसभा में करीब 31 हजार वोट कम हुए है।अखिलेश यादव ने भाजपा पर तंज कसते हुए कहा कि जब जमीन ही नहीं बची तो अंगद का पैर कहां रखोगे? उन्होंने काशी की जनता का जिक्र करते हुए कहा कि वहां से भाजपा को डबल जीरो मिला है।
अमित शाह के बयान पर पलटवार माना जा रहा बयान
अखिलेश यादव की यह टिप्पणी केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के हालिया बयान के जवाब के तौर पर देखी जा रही है। रैली में सपा प्रमुख ने वोटर लिस्ट में नाम कम होने के मुद्दे को उठाकर भाजपा और चुनाव आयोग पर सवाल खड़े किए।











