वॉशिंगटन/बीजिंग। अमरीकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप ने शुक्रवार को चीन की नई एक्सपोर्ट पॉलिसी पर सवाल उठाया है, जिसमें अमरीकी शिपमेंट पर अतिरिक्त पोर्ट चार्ज लगाया गया है। ट्रंप ने इसे व्यापारिक शत्रुता करार दिया और अमरीका आने वाले चीनी प्रोडक्ट्स पर टैरिफ में भारी वृद्धि की धमकी दी।
चीन के परिवहन मंत्रालय ने घोषणा की है कि मंगलवार से अमरीकी कंपनियों के जहाजों या अमरीकी झंडे वाले जहाजों पर चीन के बंदरगाहों पर एक अतिरिक्त पोर्ट चार्ज लगाया जाएगा। इसी तरह, चीन की कंपनियों के जहाजों को भी अमरीका जाने पर उनके साइज के हिसाब से एक निश्चित शुल्क यानी 80 डॉलर प्रति टन चार्ज देना होगा।
ट्रंप ने कहा, चीन में कुछ बहुत ही अजीब चीजें हो रही हैं! वे बहुत आक्रामक हो गए हैं और दुनिय भर के देशों को पत्र भेज रहे हैं कि वे रेयर अर्थ से संबंधित उत्पादन के प्रत्येक तत्व पर एक्सपोर्ट कंट्रोल लगाना चाहते हैं।
चीन ने बताया जवाबी कार्रवाई
चीन की सरकार ने इस फीस को अमरीका की ओर से लगाए गए पोर्ट शुल्क का जवाब बताया है। उनका कहना है कि यह एक जवाबी कार्रवाई है। अमरीका ने यह नियम बनाया है कि 14 अक्टूबर से चीन में बने या चीनी कंपनियों के जहाजों को अमरीका के बंदरगाह पर ही एक विशेष फीस देनी होगी। इस फीस की रकम बहुत ज्यादा हो सकती है।
अनुमान है कि 10,000 कंटेनर ले जाने वाले एक जहाज के लिए यह 10 लाख डॉलर से अधिक हो सकती है और साल 2028 तक इस फीस में हर साल बढ़ोतरी भी हो सकती है। ट्रंप और चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग के बीच द. कोरिया में एपेक में मुलाकात होनी थी, पर अब यह टल सकता है। ट्रंप ने कहा, अब ऐसा करने का कोई कारण नहीं है।









